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नर्मदा सेवा यात्रा: कोटेश्वर में भीड़ नही जुटा पाया प्रशासन, जनता नही बनी मामू

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व्यवस्था के अभाव में हुए परेशान
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✍🏽सोमेश्वर पाटीदार-जनादेश पर नज़र👁
📞…9589123578
www.janadeshparnazar.com

इंदौर/कुक्षी।धार जिले के कुक्षी के कोटेश्वर नर्मदा तट पर गत दिवस नर्मदा सेवा यात्रा का आगमन हुआ। नर्मदा को अवैध रेत खनन से छलनी करने के बाद संरक्षण की नोटंकी भरी इस यात्रा में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान सहित आकर्षण के लिए गायिका अनुराधा पोडवाल, गांधीवादी डॉ. सुब्बाराव व अन्य मंत्री नेतागण शामिल हुए। कई दिनों से प्रशासन इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए रात-दिन लगा हुआ था। सबसे ज्यादा टेड़ी खीर थी भीड़ जुटाना। परन्तु जबरन गाड़िया अधिग्रहित कर भीड़ जुटाने का साधन तो कब्जे में कर लिया, फिर भी भीड़ में कोई शामिल नही होना चाहा और लोग कम पहुँचे। दूसरा कारण ये भी रहा कि, बड़े धार्मिक पर्व अमावस्या,पूर्णिमा,नर्मदा जयंती,गंगा दशमी और ब्रम्हलीन संत कमलदास जी के नाम आयोजित होने वाले अवसरों पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु आस्था के केंद्र माँ नर्मदा में डुबकी लगाने आते है तब भी पार्किग की व्यवस्था लगभग 500 मीटर होने पर भी आसानी से कार्यक्रम सफल हो जाते है,और इस कार्यक्रम में लोगो को बहुत ही दूर रोक दिया था,इसलिए कुछ परेशान होकर वापस लौटे और कुछ रोने-गाने कर रहे थे। रात्रि के आयोजन की वजह से पार्किंग स्थल पर और सड़क पर लाइट न होने से भी परेशानी हुई। खेर सबसे बड़ी बात है कि जनता मामू नही बनी उसने भी समय की कीमत दिखाई और नही पहुच कर बता दिया की राजनितिक नोटंकीयों के लिए भीड़ का हिस्सा नही, आस्था ही है तो माँ नर्मदा जाकर कभी भी डुबकी लगालेंगे। इसके अलावा बैठक व्यवस्था में कमी की वजह से स्थानीय के अलावा जिला मुख्यालय के मीडिया कर्मी व वरिष्ठ अधिकारी भी खड़े होने से नाराज़ दिखे। ऐसा भी नही की कुर्सियां नही थी। थी पर अव्यवस्था के कारण मिल नही पाई। कार्यक्रम की सिर्फ अच्छाइयां दिखाने के लिए धार जिला जनसम्पर्क अधिकारी मीडियाकर्मियों की टीम लेकर पहुँची। पूर्व के वरिष्ठ अधिकारी श्रवण कुमार की बदौलत मामला संभल गया नही तो वर्तमान पीआरओ वर्षा चौहान तो मोबाइल में ही ज्यादा व्यस्त थी। घाट पर अनुराधा के भजन के चलते दूसरे अतिथि गांधीवादी डॉ. सुब्बाराव को कार्यक्रम देने का अवसर न मिलने पर नाराज हो गए जिनको कलेक्टर श्रीमन शुक्ल ने बड़ी मुश्किल से बात-चित कर कार्यक्रम प्रस्तुत करने के लिए राजी किया। मंच से शिवराज ने नशा मुक्ति,नर्मदा की स्वछता, बेटी बचाओ पर जोर दिया।लेकिन सवाल यह है कि, शराब के नशे से भी ज्यादा नुकसानदायक सत्ता का नशा… नर्मदा की स्वछता से पहले मन और विचार की स्वच्छता हो…बेटी बचाओ पर उसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी बढ़ाओ… “हम बदलेंगे युग बदलेगा” शुरुआत खुद से करे शिवराज…नर्मदे हर…

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